अस्थमा और फेफड़ों की कार्यक्षमता बढ़ाने में अनुलोम-विलोम प्राणायाम का महत्व
भूमिका आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में प्रदूषण, तनाव और अनियमित जीवनशैली के कारण श्वसन संबंधी बीमारियाँ तेजी से बढ़ रही हैं। इनमें अस्थमा (दमा) एक ऐसी समस्या है जो करोड़ों लोगों को प्रभावित करती है। अस्थमा के रोगियों को सांस लेने में तकलीफ, सीने में जकड़न, खांसी और घरघराहट जैसी समस्याओं का सामना करना…
